देहरादून के थाना सहसपुर क्षेत्र स्थित बैरागीवाला गांव में युवक विनोद कश्यप की हत्या के बाद भड़की हिंसा और आगजनी के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने आगजनी, तोड़फोड़, पुलिस पर पथराव और मार्ग अवरुद्ध करने के आरोप में करीब 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। घटना स्थल की वीडियोग्राफी के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।
हत्या के बाद भड़का आक्रोश
जानकारी के अनुसार, 13 जून की शाम बैरागीवाला गांव में एक मामूली विवाद के दौरान विनोद कश्यप की हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया, जो अगले दिन हिंसक रूप ले बैठा। रविवार को बड़ी संख्या में लोग गांव में एकत्र हुए और आरोपियों के घरों में तोड़फोड़ एवं आगजनी की घटनाओं को अंजाम दिया।
पुलिस पर पथराव, कई जवान घायल
स्थिति को नियंत्रित करने के लिए मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन भीड़ उग्र हो गई और पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। इस दौरान कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। अधिकारियों के अनुसार, देहरादून के एसपी सिटी के साथ भी अभद्रता किए जाने की घटना सामने आई है।
घरों और वाहनों को पहुंचाया नुकसान
उग्र भीड़ ने आरोपियों के घरों में घुसकर घरेलू सामान को नुकसान पहुंचाया। इसके अलावा घरों के भीतर और बाहर खड़े वाहनों, मोटरसाइकिलों तथा ट्रैक्टरों में आग लगा दी गई। हिंसा के दौरान देहरादून-यमुनोत्री मार्ग को भी कई घंटों तक बाधित रखा गया, जिससे यातायात प्रभावित रहा।
गंभीर धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस ने मामले में बलवा, सरकारी कार्य में बाधा, लोक सेवकों पर हमला, आगजनी, सार्वजनिक एवं निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने समेत विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस और प्रशासन द्वारा तैयार की गई वीडियो फुटेज की मदद से उपद्रवियों की पहचान की जा रही है।
पुलिस का बयान
सिटी एसपी प्रमोद कुमार ने कहा,
“बैरागीवाला गांव में हुई आगजनी, तोड़फोड़ और पुलिस पर पथराव की घटनाओं को गंभीरता से लिया गया है। करीब 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। वीडियो फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।”
गांव में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
फिलहाल बैरागीवाला गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है। अधिकारियों ने लोगों से शांति एवं सौहार्द बनाए रखने तथा किसी भी परिस्थिति में कानून अपने हाथ में न लेने की अपील की है।
