अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ हुए अंतरिम युद्धविराम (सीजफायर) को समाप्त मानते हुए कहा है कि अब उनके लिए यह समझौता खत्म हो चुका है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी प्रतिनिधि चाहें तो बातचीत जारी रख सकते हैं, लेकिन उन्हें उससे किसी सकारात्मक नतीजे की उम्मीद नहीं है।
तुर्किये की राजधानी अंकारा में आयोजित नाटो शिखर सम्मेलन के दौरान ट्रंप ने कहा, “मेरे हिसाब से यह समझौता खत्म हो चुका है। उनसे बात करना समय की बर्बादी है।” उन्होंने ईरानी नेतृत्व की भी कड़ी आलोचना की और संकेत दिया कि फिलहाल कूटनीतिक समाधान की संभावना बेहद कम है।
अमेरिका ने ईरान पर किए थे नए हमले
अमेरिका ने मंगलवार देर रात और बुधवार तड़के ईरान के भीतर कई सैन्य ठिकानों पर हमले किए। अमेरिकी प्रशासन के अनुसार, यह कार्रवाई होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यापारिक तेल टैंकरों पर हुए हमलों के जवाब में की गई। इसके साथ ही अमेरिका ने ईरान को तेल बेचने की अनुमति देने वाला विशेष लाइसेंस भी रद्द कर दिया।
तनाव फिर चरम पर
हालिया घटनाक्रम के बाद पश्चिम एशिया में तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। अंतरिम युद्धविराम टूटने की आशंका के बीच वैश्विक तेल आपूर्ति और समुद्री व्यापार को लेकर चिंता बढ़ी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि हालात और बिगड़ते हैं तो इसका असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों और कच्चे तेल की कीमतों पर पड़ सकता है।
हालांकि ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिकी वार्ताकार बातचीत जारी रख सकते हैं, लेकिन उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्हें इस प्रक्रिया से किसी ठोस परिणाम की उम्मीद नहीं है।
