
कीव। रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध में एक बार फिर बड़े पैमाने पर ड्रोन हमलों की खबर सामने आई है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने बताया कि रूस ने देश के कई इलाकों को निशाना बनाते हुए रातभर ड्रोन हमले किए। सुमी में एक दवा बनाने वाली फैक्ट्री पर भी ड्रोन से हमला किया गया, जिसमें एक व्यक्ति की मौत होने और कई लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है।
मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि जिस फार्मास्युटिकल प्लांट को निशाना बनाया गया, वह भारतीय कंपनी कुसुम हेल्थकेयर से जुड़ा हुआ है। हालांकि, इस दावे की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
सुमी में फार्मा प्लांट पर ड्रोन हमला
जेलेंस्की के मुताबिक, रूसी ड्रोन ने सुमी में एक दवा निर्माण इकाई को निशाना बनाया। हमले में एक व्यक्ति की जान चली गई, जबकि कई अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं। यूक्रेनी राष्ट्रपति ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए हमले की निंदा की।
भारतीय कंपनी के प्लांट को निशाना बनाए जाने की खबर ऐसे समय सामने आई है, जब रूस लगातार यूक्रेन के अलग-अलग शहरों और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर हवाई हमले कर रहा है। हालांकि, कंपनी के प्लांट से जुड़े दावे को लेकर अभी आधिकारिक स्तर पर स्थिति स्पष्ट नहीं है।
रातभर 135 ड्रोन से हमला
जेलेंस्की ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि रूस ने रातभर यूक्रेन पर 135 अटैक ड्रोन से हमला किया। इनमें 50 से ज्यादा ड्रोन जेट इंजन से संचालित बताए गए हैं। उनके अनुसार, कीव, निप्रो, खार्किव, डोनेट्स्क, सुमी और जापोरिज्जिया समेत कई क्षेत्र हमलों की चपेट में आए।
जेलेंस्की ने कहा कि रूसी हमलों में आम रिहायशी इलाकों और जरूरी बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया जा रहा है। कई इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है और आपातकालीन टीमें नुकसान से निपटने के लिए मौके पर काम कर रही हैं।
एक सप्ताह में 1900 से ज्यादा ड्रोन हमले का दावा
यूक्रेनी राष्ट्रपति के मुताबिक, केवल एक सप्ताह के दौरान रूस ने यूक्रेन पर 1,900 से ज्यादा ड्रोन, 1,700 हवाई बम और 25 मिसाइलों से हमले किए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि इनमें 800 से ज्यादा ड्रोन जेट-पावर्ड थे।
जेलेंस्की ने कीव में पिवनिचनी ब्रिज और निप्रो में एक कम्युनिकेशन फैसिलिटी को निशाना बनाए जाने की भी जानकारी दी। इन हमलों में भी कई लोगों के घायल होने का दावा किया गया है।
जर्मन चांसलर के कीव पहुंचने के बीच तेज हुए हमले
रूसी हमले ऐसे समय में हुए हैं, जब जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज यूक्रेन की राजधानी कीव पहुंचे और राष्ट्रपति जेलेंस्की से मुलाकात की। इस दौरे को यूक्रेन के लिए जर्मनी और यूरोप के समर्थन के तौर पर देखा जा रहा है।
मर्ज ने कहा है कि रूस की युद्ध मशीन का खतरा केवल यूक्रेन तक सीमित नहीं है और भविष्य में दूसरे यूरोपीय देशों के लिए भी चुनौती बन सकता है। उन्होंने यूक्रेन को आवश्यक मदद जारी रखने का भरोसा दिया है।
यूक्रेन को एडवांस इंटरसेप्टर की जरूरत
यूक्रेन लगातार अपने सहयोगी देशों से रूसी ड्रोन हमलों से निपटने के लिए आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम और एडवांस इंटरसेप्टर उपलब्ध कराने की मांग कर रहा है। रिपोर्टों के मुताबिक, जर्मनी और यूक्रेन के बीच एक अरब अमेरिकी डॉलर से अधिक के सैन्य सहायता पैकेज पर समझौता होने की संभावना है।
जेलेंस्की ने जर्मन चांसलर के दौरे का स्वागत करते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच ऐसे महत्वपूर्ण फैसलों पर चर्चा हो रही है, जिनसे यूक्रेन और पूरे यूरोप की सुरक्षा क्षमता मजबूत हो सके। उन्होंने रूस को रोकने के लिए यूरोपीय देशों के साथ मिलकर काम करने पर भी जोर दिया।

