मानसूनी बारिश पहाड़ी इलाकों के लिए चुनौती बनी हुई है। नदियां-गदेरे उफनाए हुए हैं तो वहीं भूस्खलन की वजह से सड़कें बंद हैं। यात्री जगह-जगह फंसे हुए हैं।
लोनिवि और अन्य एजेंसियां सड़कों को खुलवाने के काम में जुटी हैं। भारी बारिश से चारधाम यात्रा भी बुरी तरह प्रभावित हुई है। दूसरे राज्यों से आए श्रद्धालुओं को जाम से दो-चार होना पड़ रहा है। जिसने उनकी मुश्किलें बढ़ाई हैं। इस बीच मौसम विभाग ने आज राजधानी देहरादून समेत सात जिलों में भारी बारिश होने की बात कही है। मौसम विभाग ने देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिले के कई इलाकों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। अन्य जिलों में भी बारिश का दौर जारी रहेगा। गर्जन और बिजली चमकने के साथ कई दौर की तेज बारिश हो सकती है।
मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक अगले कुछ दिन मुश्किलभरे रहेंगे। लोगों को भारी बारिश का सामना करना पड़ सकता है। इसके चलते संवेदनशील इलाकों में भूस्खलन होने से मार्ग बंद हो सकते हैं। ऐसे में लोगों को यात्रा के दौरान सावधान रहने की सलाह दी गई है। उधर, गौरीकुंड में भूस्खलन हादसे में लापता 20 लोगों का तीसरे दिन भी कोई पता नहीं चल पाया है। रविवार को एसडीआरएफ के जवान मंदाकिनी नदी के मध्य हिस्से तक भी पहुंचे लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। भारी बारिश के चलते सर्च ऑपरेशन में परेशानी हो रही है। बदरीनाथ हाईवे भी जगह-जगह मलबा आने के कारण दिनभर बाधित रहा, जिससे तीर्थयात्रियों के साथ ही स्थानीय लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।