दिग्गज अमेरिकी अखबार द वॉशिंगटन पोस्ट ने अपने व्यापक पुनर्गठन के तहत लगभग एक-तिहाई कर्मचारियों को हटा दिया है, जिसमें वरिष्ठ अंतरराष्ट्रीय मामलों के स्तंभकार ईशान थरूर भी शामिल हैं — वे कांग्रेस सांसद शशि थरूर के बेटे हैं। इस कदम के चलते अखबार ने खेल विभाग बंद किया और कई विदेशी ब्यूरो में भी कटौती की है।
ईशान थरूर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर खुद ट्वीट कर अपनी नौकरी छूटने की बात साझा की और बताया कि वे आज वॉशिंगटन पोस्ट से निकाल दिए गए हैं। उन्होंने लिखा कि कई अंतरराष्ट्रीय कर्मचारियों और सहकर्मियों को भी निकाल दिया गया है, जिससे वे “दिल टूटने” जैसा अनुभव कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि 2017 में उन्होंने “WorldView” कॉलम की शुरुआत की थी ताकि पाठकों को दुनिया और अमेरिका की भूमिका को बेहतर समझने में मदद मिल सके। ईशान ने उन लगभग आधे मिलियन (5 लाख) समर्पित पाठकों का आभार भी जताया जिन्होंने वर्षों तक उनके कॉलम को पढ़ा और समर्थन किया।
इस छंटनी से वॉशिंगटन पोस्ट का अंतरराष्ट्रीय रिपोर्टिंग नेटवर्क भी प्रभावित हुआ है। कई अनुभवी ब्यूरो प्रमुखों और संवाददाताओं के साथ-साथ मध्य पूर्व, दिल्ली, बीजिंग, कीव और लैटिन अमेरिका स्थित कई प्रमुख पत्रकारों को भी हटाया गया है, जिससे वैश्विक समाचार कवरेज कमजोर होने की चिंता जताई जा रही है।
वॉशिंगटन पोस्ट प्रशासन ने कहा है कि यह “दर्दनाक लेकिन आवश्यक” निर्णय था, ताकि अखबार बदलते तकनीकी और पाठक व्यवहार के अनुकूल अपने आप को ढाल सके। लेकिन कई पत्रकारों और विशेषज्ञों ने इस कदम को आलोचनात्मक रिपोर्टिंग और पत्रकारिता की गुणवत्ता के लिए खतरा बताया है।

