गाज़ा सिटी: इजरायली रक्षा बलों (IDF) और इजरायल सुरक्षा एजेंसी (ISA) ने हमास आतंकी सेल के प्रमुख मुहम्मद इस्सम हसन अल-हबील को एक संयुक्त अभियान में मार गिराया है। यह वही आतंकवादी था जिस पर IDF ऑब्ज़र्वर कॉर्पोरल नोआ मार्सियानो की हत्या का आरोप था।
IDF और शिन बेट के संयुक्त अभियान में 4 फरवरी को गाज़ा सिटी के शाती शरणार्थी कैंप में हवाई हमले द्वारा अल-हबील को निशाना बनाया गया। इजरायली सेना ने कहा है कि यह कार्रवाई हमास द्वारा युद्धविराम के उल्लंघन का जवाब थी।
IDF का कहना है कि 7 अक्टूबर 2023 के हमास के हमले में अल-हबील की भूमिका महत्वपूर्ण थी। उसी हमले के दौरान नोआ मार्सियानो को नहल ओज़ सैन्य चौकी से अगवा किया गया था।
नोआ मार्सियानो, जो कि 19 वर्ष की IDF सर्विलांस सैनिक थीं, अक्टूबर 2023 में हमास द्वारा अगवा की गयी थीं। इजरायली अधिकारियों के अनुसार उनकी हत्या शिफ़ा अस्पताल में की गयी, जहाँ उन्हें इलाज के नाम पर ले जाया गया था और बाद में मार दिया गया था — इस बात की पुष्टि अमेरिकी और इजरायली स्रोतों में भी मिली है।
अल-हबील के ढेर होने के बाद नोआ मार्सियानो के परिवार ने कहा कि उन्हें “कुछ सुकून” मिला है क्योंकि आतंकवादी जिसने उनके परिवार की बेटी को मार डाला, उसे अब खत्म कर दिया गया है।
IDF का कहना:
IDF ने स्पष्ट किया है कि 7 अक्टूबर के हमले में शामिल आतंकियों के खिलाफ कार्रवाइयाँ जारी रहेंगी और आतंकवादी नेटवर्क को कमजोर करने के लिए वे लगातार ऑपरेशन करेंगे।
📌 संक्षेप:
- IDF और ISA ने गाज़ा में हमास आतंकी प्रमुख मुहम्मद इस्सम हसन अल-हबील को मार गिराया है।
- अल-हबील पर नोआ मार्सियानो की हत्या का आरोप था।
- यह कार्रवाई हमास द्वारा युद्धविराम उल्लंघन के जवाब में हुई।
- नोआ के परिवार को इस परिणाम से आंशिक न्याय की भावना मिली है।

